साबूदाने के फायदे

साबूदाना क्या होता है ?

साबूदाने का उपयोग ज्यादातर उपवास में किया जाता है। अक्सर साबूदाने की खिचड़ी या खीर बनाकर खाई जाती है, इसके कई स्वास्थ्य लाभ हैं। लेकिन हम में से कई लोग यह नहीं जानते हैं कि साबूदाना क्या है और कैसे बनता है।

साबूदाना स्टार्च है और इसमें कार्बोहाइड्रेट होते हैं। इसे उष्णकटिबंधीय (tropical ) ताड़ के पेड़ों के कोमल हिस्से से बनाया जाता है। टैपिओका पौधे की जड़ का उपयोग स्टार्च निकालने के लिए किया जाता है। स्टार्च फिर छोटे मोती जैसे आकार में बदल जाता है। 

साबूदाने के पोषक तत्व

एक कप साबूदाने में लगभग होता है-

कैलोरी – 544 

कार्बोहाइड्रेट -135 ग्राम

कैल्शियम – 30.4 मिलीग्राम

फाइबर – 1.37 ग्राम

आयरन – 2.4 मिलीग्राम

मैग्नीशियम – 1.52 मिलीग्राम

पोटेशियम – 16.7 मिलीग्राम

प्रोटीन – 0.29 ग्राम

फैट – 0.03 ग्राम

साबूदाने के लाभ 

पर्याप्त ऊर्जा देता है

साबूदाना स्टार्च और प्राकृतिक मिठास से भरपूर होता है, यह एनर्जी के लिए ग्लूकोज उत्पन्न करने के लिए जल्दी मेटाबोलाइज़ हो जाता है। लंबे समय तक व्रत के बाद और कसरत के बाद भी यह एक आदर्श भोजन है, क्योंकि यह शरीर को ऊर्जा से भर देता है और थकान, चक्कर आना, सिरदर्द से बचाता है।

हड्डियों को मजबूत करता है

साबूदाना कैल्शियम का बेहतरीन स्रोत होने के कारण बढ़ते बच्चों की हड्डियों को मजबूत करता है। यह ऑस्टियोपोरोसिस के लक्षणों को कम करने में सहायता करता है। युवा लोग प्रतिदिन साबूदाना का सेवन कर सकते हैं, हड्डियों के स्वास्थ्य को बढ़ाने के लिए इसका पर्याप्त मात्रा में सेवन करने की आवश्यकता होती है।

एनीमिया में आयरन की कमी को पूरा करता है 

साबूदाना आयरन का पावरहाउस है। यह खून में कम हीमोग्लोबिन के स्तर को बढ़ाता है। आयरन की कमी से पीड़ित लोगों के लिए साबूदाना एक वरदान है।

रक्तचाप को नियंत्रित करता है, हृदय रोग के जोखिम को कम करे

साबूदाना में पोटैशियम की मात्रा अधिक होती है। यह रक्त प्रवाह को अच्छा बनाए रखने और रक्तचाप को नियंत्रित करने में सहायता करता है। साबूदाने में उच्च मात्रा में आहार फाइबर और विटामिन बी मौजूद होते हैं , जो हैल्दी एचडीएल स्तर को बनाए रखने में सहायता करते हैं।

नर्वस सिस्टम के कार्य को बढ़ाता है

इसमें अमीनो एसिड ट्रिप्टोफैन पाए जाने के कारण, रोज़ नियंत्रित मात्रा में साबूदाना खाने से मस्तिष्क में स्मृति केंद्रों को सक्रिय करने और दिमाग को आराम देने में मदद मिलती है। चूंकि ट्रिप्टोफैन सेरोटोनिन के स्तर में संतुलन लाता है – साबूदाना अच्छे मूड को बनाए रखने और अच्छी नींद को बढ़ावा देकर चिंता और अनिद्रा के इलाज में मदद करता है।

ग्लूटन फ्री डाइट 

जिन लोगों को ग्लूटेन प्रोटीन के प्रति असहिष्णुता या एलर्जी है। साबूदाने के ग्लूटन मुक्त होने के कारण यह उनके लिए गेहूं का एक बेहतर विकल्प हो सकता है।

दस्त का इलाज करता है

साबूदाना में आहार फाइबर होता है। नाश्ते में साबूदाना खाने से हैल्दी मेटाबोलिज्म बनाये रखने में मदद मिलती है, दस्त का उपचार होता है।  

आवश्यक अमीनो एसिड प्रदान करता है 

साबूदाना कुछ प्रमुख अमीनो एसिड से बना है, जो इसे उच्च गुणवत्ता वाले पौधों पर आधारित प्रोटीन का स्रोत बनाता है। यह त्वचा और बालों के स्वास्थ्य के लिए मेथियोनीन प्रदान करता है , वेलिन और आइसोल्यूसीन प्रदान करता है, जो दांतों के लिए और घायल मांसपेशियों के टिशुस की मरम्मत के लिए आवश्यक है।

पाचन में सुधार करता है

साबूदाने में फाइबर पाया जाता है, जो पाचन स्वास्थ्य को बढ़ावा देता है और अपच से राहत देता है।

वजन बढ़ाने में मदद करता है

जो लोग दुबले हैं और अपना वजन बढ़ाना चाहते हैं, तो उनके लिए साबूदाना बेहतर विकल्प है। यह कार्ब्स में उच्च लेकिन फैट में कम होता है।   

त्वचा के लिए साबूदाने के फायदे

साबूदाने को भिगा कर मैश करके बनाया गया पेस्ट त्वचा में निखार लाता है। साबूदाने में मौजूद अमीनो एसिड और एंटीऑक्सीडेंट त्वचा को बेदाग बनाते हैं। दूध के साथ साबूदाने का फेस पैक त्वचा को कसने और फिर से जीवंत करने में मदद करता है। साबूदाने में एंटीऑक्सिडेंट होते हैं जो महीन रेखाओं और झुर्रियों को कम करते हैं, यह कोलेजन को भी बढ़ाते हैं। यह मुंहासों को कम करने और काले धब्बों को हल्का करने में मदद करता है।

बालों के लिए लाभ 

नारियल के तेल के साथ साबूदाने का हेयर मास्क बालों का झड़ना और समय से पहले बालों का सफेद होना रोकता है। यह डैंड्रफ का उपचार भी करता है। साबूदाना एंटीफंगल और जीवाणुरोधी गुणों के कारण डैंड्रफ से राहत प्रदान करता है।

छोटे बच्चों के लिए 

साबूदाने में व्यापक पोषण सामग्री इसे बढ़ते बच्चों के लिए पोषक तत्वों की आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए एक आदर्श भोजन बनाती है। स्टार्चयुक्त होने के कारण, साबूदाना छोटे बच्चों में स्वस्थ वजन बढ़ाता है, उनके नियमित विकास में सहायता करता है। यह एक वर्ष की आयु के बाद शिशुओं के लिए पौष्टिक भोजन के रूप में अच्छा विकल्प है।

गर्भवती महिलाओं के लिए फायदेमंद 

अपने पौष्टिक गुणों के कारण साबूदाना गर्भावस्था में लाभ पहुंचाता है। साबूदाना में आयरन और कैल्शियम पाए जाने के कारण गर्भवती महिलाओं में दूध उत्पादन को प्रोत्साहित करने और हार्मोनल प्रक्रियाओं को संतुलित करने के लिए बहुत अच्छा है। साबूदाना में मौजूद विटामिन बी6 और फोलेट भ्रूण के विकास में मदद करता है।

 

साबूदाना को पकाते समय ये कुछ आसान उपाय अपनाएं जो इसे चिपचिपा और स्टार्ची होने से बचाते हैं।

  1. साबूदाना को पकाने से पहले न धोएं क्यूंकि ऐसा करने से साबूदाना चिपचिपा हो जाता है और घुल भी जाता है।
  2. साबूदाना को कड़ाही में डालने से पहले हमेशा पानी में उबाल आने दें। इससे बाहरी परत तुरंत पक जाती है और इसे चिपचिपा होने से बचाती है।
  3. साबूदाने को कभी भी 10-12 मिनट से ज्यादा ना पकाएं, बर्तन को हमेशा आधा ढक कर रखें। चिपचिपाहट से बचाने के लिए इसे ठंडे पानी से धो लें।

इन पूरी तरह से उबले हुए साबूदाने से अपनी पसंदीदा डिश बनायें।

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About the Author: Kusum Kaushal

कुसुम कौशल ने उत्तराखंड में स्थित विश्वविद्यालय (हेमवती नंदन बहुगुणा यूनिवर्सिटी) से इकोनॉमिक्स में पोस्ट ग्रेजुएशन किया है। हिंदी उनकी मूल भाषा है।

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